अमझेरा : गौ-राष्ट्र यात्रा का राजपुरा में भव्य स्वागत, 300 किसान-गौपालक हुए शामिल
Bakhtavar Express
Tue, Aug 18, 2026
अमझेरा। गौपालकों को एकजुट कर गोवंश आधारित अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने के उद्देश्य से निकली गौ-राष्ट्र यात्रा का श्री रुक्मणी गौशाला एवं श्री नारायण नर्सरी, राजपुरा में भव्य स्वागत किया गया। यात्रा के नेतृत्वकर्ता भारत सिंह राजपुरोहित ने कहा कि गाय को केवल आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि एक ब्रांड और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की ताकत बनाना होगा।
कार्यक्रम में क्षेत्र की 11 गौशालाओं के संचालकों तथा 20-25 गांवों के करीब 300 किसान-गोपालकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर यात्रा का स्वागत किया। भारत सिंह राजपुरोहित ने कहा कि आज देश में कई किसान एक किलो गोबर से 10 रुपये से लेकर 7,000 रुपये तक की आय प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने गोबर-गौमूत्र के उचित उपयोग, मूल्यवर्धित उत्पाद, प्राकृतिक खेती और गौ-आधारित रोजगार को किसानों की आय बढ़ाने का महत्वपूर्ण माध्यम बताया।
उन्होंने बताया कि सोमनाथ से मां कामाख्या देवी तक सात राज्यों में निकल रही यह यात्रा किसानों एवं गौपालकों से संवाद कर गोसंवर्धन और गो-आधारित अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने का संदेश दे रही है।
यात्रा के इस प्रकल्प से प्रभावित होकर महंत ओंकार गिरी गोस्वामी, राजपुरा ने 100 गायों के पालन-पोषण का संकल्प लेने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि गोसेवा और गोपालन के इस अभियान को आगे बढ़ाने में वे अपना योगदान देंगे।
इस अवसर पर अखिल भारतीय सिर्वी महासभा के गौरक्षा एवं पर्यावरण प्रदेश सचिव तथा श्री रुक्मणी गौशाला-श्री नारायण नर्सरी के संचालक शोभाराम चौधरी ने गौरक्षा के साथ पर्यावरण संरक्षण को जनअभियान बनाने का आह्वान किया। भारत सिंह राजपुरोहित ने गौशाला परिसर में आम का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
श्री रुक्मणी गौशाला परिवार की ओर से सहभागी 11 गौशालाओं को एक दिन के गौभोजन हेतु 1,111 रुपये तथा नारियल एवं फलदार अमरूद के पौधे भेंट किए गए।
कार्यक्रम में अतिथि युवा राम परमार, विजय पटेल, नारायण जी चौधरी, रमेश परमार, भेरूलाल राठौर, पेमचन्द्रजी काग सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। संचालन शोभाराम चौधरी ने किया तथा आभार शुभम दीक्षित ने माना। आयोजन में सकल पंच राजपुरा का सराहनीय सहयोग रहा।
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